मोदी ने विस्फोट किया है,
भ्रष्टों पर आघात हुआ,
काला धन गोरा करने का
, कारोबार समाप्त हुआ.
भ्रष्टों ने थीं भरीं तिजोरी, कुछ नोटों पर सोते थे
,स्मगलर-आतंकी मिले हुए, काला धन ही ढोते थे.
जाली नोटों के व्यापारी, व्यवस्था को थे ताप रहे,
नम्बर दो के कारोबारी काले धन को थे खाप रहे.
सरकारी लोग घूंस खाते बदनामी करते जाते थे,घटिया कामों-सामानों से, जनता को खूब सताते थे.
छापे और कोर्ट-कचहरी से हाथ नहीं कुछ आता था,
नाटक-नौटंकी चलती थी, देश तो लुटता जाता था.
बड़े-बड़े अफसर घर बैठे, बाल हैं अपने नोच रहे
करें जमा धन का अब क्या, एक-दूसरे से पूछ रहे.
गजब है ढाया मोदी ने, काले धन पर है वार किया,
बिना बम, टैंक, जहाजों के, शांतिपूर्ण संहार किया.
कष्ट तो होगा लोगों को भी, धैर्य से उसको सहन करें,
देश हमारा बढ़ता जाए, हम सब भी कुछ वहन करें.
ले जाएंगे मोदी आगे, लोगों ने था विश्वास किया,
अच्छे दिन जल्दी आएँगे, मोदी ने है आभास दिया.
By Saurabh Roy
भ्रष्टों पर आघात हुआ,
काला धन गोरा करने का
, कारोबार समाप्त हुआ.
भ्रष्टों ने थीं भरीं तिजोरी, कुछ नोटों पर सोते थे
,स्मगलर-आतंकी मिले हुए, काला धन ही ढोते थे.
जाली नोटों के व्यापारी, व्यवस्था को थे ताप रहे,
नम्बर दो के कारोबारी काले धन को थे खाप रहे.
सरकारी लोग घूंस खाते बदनामी करते जाते थे,घटिया कामों-सामानों से, जनता को खूब सताते थे.
छापे और कोर्ट-कचहरी से हाथ नहीं कुछ आता था,
नाटक-नौटंकी चलती थी, देश तो लुटता जाता था.
बड़े-बड़े अफसर घर बैठे, बाल हैं अपने नोच रहे
करें जमा धन का अब क्या, एक-दूसरे से पूछ रहे.
गजब है ढाया मोदी ने, काले धन पर है वार किया,
बिना बम, टैंक, जहाजों के, शांतिपूर्ण संहार किया.
कष्ट तो होगा लोगों को भी, धैर्य से उसको सहन करें,
देश हमारा बढ़ता जाए, हम सब भी कुछ वहन करें.
ले जाएंगे मोदी आगे, लोगों ने था विश्वास किया,
अच्छे दिन जल्दी आएँगे, मोदी ने है आभास दिया.
By Saurabh Roy

wow
ReplyDeleteContinue writing young author
DeleteContinue writing young author
Delete